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हाल ही में, केरल के त्रिशूर (Thrissur) स्थित ऐतिहासिक श्री वडक्कुन्नाथन मंदिर में हजारों श्रद्धालुओं ने मलयालम महीने ‘कर्क्किडकम’ (Karkkidakam) के पहले दिन वार्षिक ‘आनायूट्टू’ (Aanayootu) अर्थात् ‘हाथियों को भोजन कराने की रस्म’ में भाग लिया। यह केरल की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत का एक बेहद अनूठा और महत्वपूर्ण आयोजन है।
आनायूट्टू क्या है?
- मलयालम भाषा में ‘आना’ का अर्थ ‘हाथी’ और ‘यूट्टू’ का अर्थ ‘भोजन कराना’ है।
- यह एक पारंपरिक अनुष्ठान है जिसमें हाथियों को विशेष और पौष्टिक भोजन कराया जाता है। हाथियों को भगवान गणेश (विघ्नहर्ता) का प्रतीक माना जाता है, और यह रस्म उन्हें प्रसन्न करने तथा सुख-समृद्धि की कामना के लिए की जाती है।
कर्क्किडकम महीने का महत्व
- यह मलयालम कैलेंडर का अंतिम महीना है (जो आमतौर पर जुलाई-अगस्त में आता है) और यह राज्य में भारी मानसून का समय होता है।
- आयुर्वेद के अनुसार, यह महीना शरीर के कायाकल्प (Rejuvenation), उपचार और प्रतिरक्षा (Immunity) बढ़ाने के लिए सबसे उपयुक्त माना जाता है।
- मनुष्यों की तरह ही, इस दौरान हाथियों को भी विशेष औषधीय आहार दिया जाता है, जिसमें चावल, गुड़, गन्ना, नारियल और आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों का मिश्रण शामिल होता है।
श्री वडक्कुन्नाथन मंदिर (Sree Vadakkunnathan Temple)
- त्रिशूर के मध्य में स्थित यह एक प्राचीन और प्रसिद्ध शिव मंदिर है।
- यह मंदिर ‘केरल वास्तुकला शैली’ (Kerala style of architecture) का एक उत्कृष्ट और बेहतरीन संरक्षित उदाहरण है।
- इसके संरक्षण प्रयासों के लिए इसे यूनेस्को (UNESCO) का ‘एशिया-प्रशांत विरासत पुरस्कार’ भी मिल चुका है।
- यह वही मंदिर परिसर है जिसके मैदान (Thekkinkadu Maidan) में विश्व प्रसिद्ध ‘त्रिशूर पूरम’ (Thrissur Pooram) महोत्सव का भव्य आयोजन किया जाता है।
सांस्कृतिक और पारिस्थितिक संदेश
- केरल की संस्कृति में मंदिर के हाथियों का एक पवित्र और अभिन्न स्थान है।
- यह उत्सव केवल एक धार्मिक रस्म नहीं है, बल्कि यह मनुष्य और वन्यजीवों (प्रकृति) के बीच गहरे सह-अस्तित्व और सम्मान की भावना को भी प्रदर्शित करता है।
प्रारंभिक परीक्षा हेतु अभ्यास प्रश्न
प्रश्न: केरल के कला, संस्कृति और त्योहारों के संदर्भ में, हाल ही में चर्चा में रहे ‘आनायूट्टू’ (Aanayootu) अनुष्ठान और ‘श्री वडक्कुन्नाथन मंदिर’ के संबंध में निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
- ‘आनायूट्टू’ एक पारंपरिक रस्म है, जिसमें मानसून के दौरान हाथियों को विशेष आयुर्वेदिक और पौष्टिक आहार खिलाया जाता है।
- यह अनुष्ठान मुख्य रूप से मलयालम महीने ‘कर्क्किडकम’ के दौरान आयोजित किया जाता है, जिसे आयुर्वेद में कायाकल्प का महीना माना जाता है।
- श्री वडक्कुन्नाथन मंदिर, जो इस आयोजन का मुख्य केंद्र है, मुख्य रूप से भगवान विष्णु को समर्पित एक प्राचीन मंदिर है।
उपर्युक्त कथनों में से कौन-सा/से सही है/हैं?
(a) केवल 1 और 2
(b) केवल 2 और 3
(c) केवल 1 और 3
(d) 1, 2 और 3
उत्तर: (a) केवल 1 और 2
व्याख्या: कथन 1 और 2 सही हैं। कथन 3 गलत है क्योंकि श्री वडक्कुन्नाथन मंदिर एक प्राचीन शिव मंदिर है, न कि विष्णु मंदिर। यह मंदिर अपनी केरल वास्तुकला और त्रिशूर पूरम आयोजन के लिए प्रसिद्ध है।
